चुनावी रंग में रंगे ‘कैलाश’ पिछड़ गए ‘प्रहलाद’ ?
भाजपा नेतृत्व ने विधानसभा के चुनावी मोर्चे में नरेंद्र सिंह तोमर की तरह कैलाश विजयर्गीय को भी तैनात कर दिया है। चुनाव से पहले भाजपा के तीन नेता ही चर्चा में थे। तीसरा नाम प्रहलाद पटेल का था। ये सभी रणनीतिक बैठकों में हिस्सा ले रहे थे। अटकलें थीं कि प्रहलाद को वीडी शर्मा की जगह प्रदेश अध्यक्ष बनाया जाने वाला है लेकिन हर बार की तरह वे फिर पिछड़ गए। तोमर के बाद विजयवर्गीय को चुनाव में लगा दिया गया है। वे चुनावी रंग में रंग गए हैं। इंदौर में अमित शाह का सफल कार्यक्रम कराने के बाद उन्होंने प्रदेश का दौरा प्रारंभ कर दिया है। प्रहलाद का भी प्रदेश में अच्छा आधार है, लेकिन उन्हें कोई बड़ी जवाबदारी नहीं दी गई। तोमर अच्छे संगठक और प्रबंधक हैं तो विजयवर्गीय भीड़ को बांधने और कार्यकर्ताओं में जोश भरने में माहिर। पिछले कुछ समय से विजयवर्गीय अलग-थलग दिखाई पड़ रहे थे, लेकिन उनके कौशल को देखकर ही भाजपा नेतृत्व ने उन्हें चौथी बार पार्टी का महामंत्री ही नहीं बनाया, चुनाव में उनका उपयोग भी लिया जा रहा है। कैलाश ने यह कह कर सनसनी फैला दी थी, कि जब उन्होंने जेपी नड्डा से कहा कि मुझे आपने चौथी बार महामंत्री बना दिया। नड्डा का जवाब था, मैं आपको कुछ और बनाना चाहता था लेकिन फिर महामंत्री बनाना पड़ा। इस कथन के मायने निकाले जा रहे हैं।