Homeअपना शहर ,खास खबरे,
मच्छरों का लार्वा पाए जाने पर संबंधित से जुर्माना वसूलें – कलेक्टर

ग्वालियर। जिन घरों व संस्थाओं में बार-बार मच्छरों का लार्वा पाए जाए, उन घरों के मालिकों व संस्थाओं से जुर्माना वसूल करें। निजी घरों के साथ-साथ सरकारी आवासों व दफ्तरों, हाउसिंग सोसायटी तथा निजी कार्यालयों इत्यादि में भी सर्वेक्षण करें। साथ ही लार्वा पाए जाने पर जुर्माना लगाएँ। यह निर्देश कलेक्टर डॉ. संजय गोयल ने राष्ट्रीय वाहक जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम (मलेरिया) के जिला टास्क फोर्स की बैठक में संबंधित अधिकारियों को दिए। बैठक में बताया गया कि गत वर्ष लार्वा पाए जाने पर 68 लोगों से जुर्माना वसूला गया।
यहाँ कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित हुई बैठक में डॉ. गोयल ने कहा कि मच्छर एवं लार्वा नाशक और मलेरिया उपचार से संबंधित दवाईयों का पर्याप्त भण्डारण रहे। उन्होंने कहा ग्वालियर शहरी क्षेत्र में नगर निगम एवं मलेरिया विभाग की संयुक्त टीम के माध्यम से मच्छर एवं लार्वा विनिष्टीकरण की कार्रवाई नियमित रूप से जारी रखें। साथ ही निर्देश दिए कि निर्माणाधीन इमारतों, पार्कों, खदानों तथा गड्डों इत्यादि में मच्छर न पनपने पाएँ। इसके लिये गड्डों में लार्वा विनिष्टीकरण संबंधी दवाई और जहाँ बहुतायत में पानी जमा रहता है वहाँ गम्बूशिया मछलियाँ डलवायें। डॉ. गोयल ने केन्टोनमेंट क्षेत्र में भी मच्छर विनिष्टीकरण की कार्रवाई करने को कहा। कलेक्टर ने यह भी निर्देश दिए कि मलेरिया व मच्छर जनित अन्य बीमारियों के इलाज के लिये जारी की गई नई गाइडलाईन जिले के चिकित्सकों से साझा करें। साथ ही मलेरिया नियंत्रण के लिये जन जागरूकता कार्यक्रम प्रभावी ढंग से चलाये जायें। 
बैठक में जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. मनोज पाटीदार ने पावर प्वॉइंट प्रजेण्टेशन के जरिए जिले में मलेरिया नियंत्रण के लिये बनाई गई रणनीति, अब तक की गई कार्रवाई और जन जागरण कार्यक्रमों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया जिले के 40 ग्रामों को वाहक जनित बीमारियों के लिहाज से हाईरिस्क ग्रामों के रूप में चिन्हित किया गया है। इन ग्रामों में मलेरिया रथ चलाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। साथ ही मच्छरों के खात्मे के लिये विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जिले में सेक्टर स्तर पर 13 एडवोकेसी कार्यशाला और 40 ग्राम पंचायत स्तरीय एडवोकेसी कार्यशालायें आयोजित की जा चुकी हैं। बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एस एस जादौन व जिला चिकत्सालय के सिविल सर्जन सहित विभिन्न राष्ट्रीय कार्यक्रमों के प्रभारी व टास्क फोर्स के अन्य सदस्यगण मौजूद थे। 
 
ऐसे बचें मलेरिया से 
जिलेवासियों से अपील की गई कि कृपया घरों में लंबे समय तक बर्तनों, टंकियों, कूलर इत्यादि में पानी संग्रह करके न रखें। कूलर की सप्ताह में एक बार सफाई करें और टटियों की पुरानी घास को जला दें। घर के अंदर रखे बर्तनों, पक्षियों के सकोरों और मवेशियों को पानी पिलाने के कंटेनरों की भी नियमित रूप से साफ-सफाई करायें। घरों के आस-पास जमा पानी की निकासी करें, यदि ऐसा संभव न हो तो उसमें जला हुआ तेल डाल दें। फुल आस्तीन के कपड़े पहनें और घर की खिड़कियों, दरवाजों पर मच्छर प्रूफ जालियाँ लगाएँ। सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें अथवा मच्छर भगाने वाली क्रीम, मेट व कॉइल इत्यादि का भी इस्तेमाल किया जा सकता है। 

Share This News :