नोटबंदीः कैश के लिठआप ही नहीं, बैंक à¤à¥€ लगे हैं लाइन में
अगर आप बैंकों और à¤à¤Ÿà¥€à¤à¤® में लाइन में लगे रहने और उसके बावजूद कैश न मिलने के चलते बैंकों को कोस रहे हैं तो जरा रà¥à¤•िà¤à¥¤ कैश के लिठसिरà¥à¤« आप ही लाइन में नहीं लगे हà¥à¤ हैं, वो बैंक à¤à¥€ लगे हà¥à¤ हैं जिनपर आप गà¥à¤¸à¥à¤¸à¤¾ उतार रहे हैं। जी हां, रिजरà¥à¤µ बैंक की कानपà¥à¤° और लखनऊ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखा में चार-चार दिन लाइन में लगने के बाद उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¥€ खाली हाथ अपने शहर लौटना पड़ रहा है। à¤à¤Ÿà¥€à¤à¤® की लाइन में लगे आम आदमी की तरह वो à¤à¥€ à¤à¤Ÿà¤• रहे हैं।
गौरतलब है कि नोट छपने के बाद रिजरà¥à¤µ बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) के पास आते हैं। आरबीआई नठनोट देश में मौजूद अनà¥à¤¯ बैंकों को जारी करता है। इसके लिठचेसà¥à¤Ÿ बैंक को आरबीआई में जाकर नंबर लगाना पड़ता है।
अगर अकेले उतà¥à¤¤à¤° पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ और उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤–ंड की बात करें तो कानपà¥à¤° और लखनऊ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ आरबीआई की दो कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखाà¤à¤‚ ये काम कर रही हैं। जहां से यूपी और उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤–ंड के 46 बैंक जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ हà¥à¤ हैं। कानपà¥à¤° शाखा की बात करें तो यहां यूपी के 35 जिलों की 201 चेसà¥à¤Ÿ और उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤–ंड के 13 जिलों की 58 चेसà¥à¤Ÿ जà¥à¤¡à¤¼à¥€ हà¥à¤ˆ हैं। चेसà¥à¤Ÿ बैंक से ही बैंक की अनà¥à¤¯ शाखाओं को नोट जारी किठजाते हैं।
यूपी और उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤–ंड के बाकी बचे जिलों की बात करें तो वो आरबीआई की लखनऊ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखा में आते हैं। दोनों ही शाखाओं से दो राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ की 46 बैंकों की 16 हजार शाखाओं के लिठनोट जारी होते हैं। इस वकà¥à¤¤ हाल ये है कि चेसà¥à¤Ÿ बैंक के अधिकारी चार-चार, पांच-पांच दिन से आरबीआई की कानपà¥à¤° और लखनऊ शाखा में नंबर लगाठअपनी बारी आने का इंतजार कर रहे हैं।
दरअसल इन कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखाओं में à¤à¥€ डिमांड के हिसाब से नोट नहीं आ रहे हैं। चार-चार दिन की वेटिंग लगी हà¥à¤ˆ है। बैंक अधिकारी अपनी बारी आने के इंतजार में कानपà¥à¤° और लखनऊ में ही डेरा डाले हैं। बैंक की गाड़ियों की आरबीआई की कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखाओं में à¤à¥€à¤¡à¤¼ लगी हà¥à¤ˆ है।
आरबीआई की कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखा में चेसà¥à¤Ÿ बैंकों का नठनोट के लिठइंतजार कब खतà¥à¤® होगा, इस बारे में जब आरबीआई की कानपà¥à¤° कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ शाखा के पीआरओ दीपेश तिवारी से बात की गई तो उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कोई à¤à¥€ जानकारी देने से इनकार कर दिया।