Homeदेश विदेश ,प्रमुख खबरे,slider news,
राहत फतेह-शफकत का एक शो... और भारत से पाक पहुंच जाती है 57 लाख की ब्लैक मनी

पाकिस्तानी कलाकारों की आवाज़ पर हम तालियां बजाते रहे। इनकी एक्टिंग की हम तारीफ करते रहे और वो हमारे देश में बैठकर हमसे ही धोखा करते रहे। ये वो अहसान फरामोश पाकिस्तानी कलाकार हैं जो हमारी थाली में खाकर उसी में छेद करते रहे।  à¤ªà¤¾à¤•िस्तान के सबसे बड़े गायक राहत फतेह अली खान का काला चेहरा न्यूज 18 इंडिया ने बेनकाब कर दिया।

पिछले डेढ़ दशक में हिन्दी फिल्मों का हर दूसरा सुपरहिट, उन्हीं की आवाज़ में गूंजा। राहत 100 से ज्यादा हिंदी फिल्मों में गाने गा चुके हैं। हमारे ख़ुफिया कैमरे पर राहत के मैनेजर ने काले धन की मांग की। फिल्मी गाने हों या स्टेज शो। कव्वाली का मंच हो या शादी की महफिलें, राहत पैसे कमाने का हर पैंतरा जानते हैं।

न्यूज 18 इंडिया की अंडरकवर टीम की मुलाकात हुई भारत में राहत की मैनेजर मन्नू कोहली से, जो दिल्ली के हौजख़ास इलाके में एक आर्टिस्ट मैनेजमेंट कंपनी चलाती हैं। à¤°à¤¾à¤¹à¤¤ के लिए एक डील हमारे पास थी। भारत में राहत फतेह अली के काम का मैनेजमेंट मन्नू कोहली और उनके पार्टनर राकेश गुप्ता की कंपनी के पास है।

राकेश गुप्ता ने बताया कि राहत साहब 17 दिसंबर को खाली हैं और शादी के कार्यक्रम के लिए भारत आने को तैयार हैं। मुश्किल वीज़ा को लेकर है, लेकिन डरने की बात नहीं, क्योंकि भारतीय हाई कमीशन में उनकी पक्की सेटिंग है। मुद्दा बस पैसों का था। गायक बड़े हैं, इसलिए पैसे भी उसी हिसाब से मांगे गए। यानी दो घंटे गुनगुनाने के 65 लाख रुपए। अब बारी थी ये जानने की कि 65 लाख में कितना ब्लैक और कितना व्हाइट होगा।

राकेश गुप्ता बता रहे थे कि 65 लाख की फीस में 23 लाख व्हाइट और बाकी ब्लैक। यानी 42 लाख रुपए की न भारत सरकार को कोई जानकारी देनी है, न टैक्स चुकाना है। यानी इतने बरसों में न राहत साहब की आवाज़ बदली, न फितरत। 5 साल पहले ही राहत लाखों रुपए के साथ दिल्ली एयरपोर्ट पर धरे गए थे, लेकिन दगाबाजी की आदत गई नहीं।

वैसे राहत अली के इस चेले के पास टैक्स चुराने का एक और पैंतरा भी था। वो चाहता था कि हम सारी रकम उसकी एनजीओ को दान दें, ताकि वो पैसा समाज को राहत देने के बजाय, राहत को ही देने के काम आए। यानी चोरी भी हो जाए और ताला भी न टूटे। अगर ऐसे धोखेबाज़ मेज़बान हों और इतने दगाबाज़ मेहमान हों तो देश को दुश्मनों की क्या जरूरत।

ऐसे ही एक और गायक हैं शफ़क़त अमानत अली। शफ़क़त पाकिस्तान के सबसे बड़े गायकों में से एक हैं। à¤®à¤¨à¥à¤¨à¥‚ कोहली à¤¶à¤«à¤¼à¤•़त की भी मैनेजर हैं। à¤¹à¤¿à¤¨à¥à¤¦à¥à¤¸à¥à¤¤à¤¾à¤¨ में शफ़क़त कहां गाएंगे, कब गाएंगे, कितने पैसों में गाएंगे, हर सौदा यहीं होता है।

अपनी बनाई हुई कहानी के साथ हम मन्नू कोहली के दफ्तर पहुंचे थे। धंधे की बात शुरू हुई और हमें बताया गया कि शादी की महफिल में सुर सजाने की कीमत कितनी होगी। हमें बताया गया कि शफ़क़त अमानत अली 25 लाख रुपए लेंगे। सर्विस टैक्स अलग से होगा और उनकी टीम का खर्चा भी हमें ही उठाना होगा। आगे की बातचीत मन्नू कोहली के पार्टनर राकेश गुप्ता ने की। ऐसा लगा जैसे शफ़क़त, शराफत की मूरत से कम नहीं हैं।

हमें बताया जा रहा था कि जो होगा, कायदे-कानून से होगा। यानी शफ़क़त अली भारत में पूरा टैक्स चुकाएंगे, लेकिन जैसे जैसे डील पक्की होती गई, ईमान डोलता गया और बात काले धन के उसी मुद्दे पर आ गई, जिसकी उम्मीद थी। राकेश गुप्ता का मतलब ये था कि 25 लाख की फीस में लिखा-पढ़ी सिर्फ 10 लाख की होगी। यानी भारत सरकार को टैक्स सिर्फ 10 लाख में मिलेगा और बाक़ी का पैसा शफ़क़त अमानत अली बिना बताए ले उड़ेंगे।

शफ़क़त अच्छे कलाकार हैं, इतना तो पता था, लेकिन इतने बड़े कलाकार हैं, ये नहीं जानते थे। दो दिन बाद ही शफ़कत के मैनेज़र ने हमें बाकायदा एग्रीमेंट भी भेज दिया। महफिल की तारीख तय हुई 21 दिसंबर और फीस लिखी गई सिर्फ आठ लाख रुपये। यानी टैक्स मिलाकर तकरीबन 10 लाख रुपये। सवाल है कि क्या शफ़क़त के हर भारत दौरे पर देश का काला धन ऐसे ही बाहर जाता है।

Share This News :